NCERT Class 5 Hindi • New NEP 2020 / NCF 2023

Chapter 11: हमारे ये कलामंदिर

अजंता-एलोरा की प्राचीन गुफाओं, भित्तिचित्रों व पाषाण-शिल्प का रोमांचक सांस्कृतिक यात्रा-वृत्तांत | CBSE Session 2026–27

Core Pedagogical Competencies & Concepts
  • कथानक: निशा नाम की एक छोटी बालिका अपनी मौसी के साथ दशहरे की छुट्टियों में महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर (औरंगाबाद) के निकट स्थित अजंता और एलोरा की गुफाओं का भ्रमण करने जाती है।
  • अजंता की गुफाओं की विशेषता: सह्याद्रि पर्वतमाला को काटकर बनाई गई लगभग 2,000 वर्ष पुरानी तीस गुफाएं, जो प्राचीन बौद्ध वास्तुकला की बेजोड़ मिसाल हैं।
  • सजीव भित्तिचित्र (जातक कथाएं): गुफाओं की छतों और दीवारों पर भगवान बुद्ध के पूर्व जन्मों (जातक कथाओं), उनके संन्यास, उपदेशों तथा कमल पुष्पों, गंधर्वों व पशु-पक्षियों के अद्भुत चित्र।
  • प्राकृतिक रंगों का रहस्य: दो हज़ार वर्ष बीत जाने के बाद भी ये चित्र आज तक चमकीले हैं क्योंकि प्राचीन भारतीय कलाकारों ने इन्हें वनस्पति, पत्थरों और खनिज रंगों से तैयार किया था।
  • एलोरा का कैलास मंदिर: एक ही विशाल एकाश्मक चट्टान (Monolithic Rock) को ऊपर से नीचे की ओर तराशकर बनाया गया वास्तुकला का अनुपम अजूबा।
  • विरासत का संरक्षण: अपने प्राचीन कला-मंदिरों, मूर्तियों और स्मारकों पर खरोंच न लगाना, कचरा न फैलाना तथा इस गौरवशाली राष्ट्रीय धरोहर की रक्षा करना।
हमारे ये कलामंदिर: अजंता-एलोरा की अमर पाषाण-कला ⛰️🪨 सह्याद्रि गुफाएं 2,000 वर्ष प्राचीन 🖼️✨ भित्तिचित्र जातक कथाएं व बुद्ध 🌿🎨 प्राकृतिक रंग खनिज व वनस्पतियाँ 🏛️🛡️ धरोहर रक्षा राष्ट्रीय गौरव

All Textbook Exercises & In-Text Tasks (22 Questions)

100% Complete Ingestion
Q1 पाठ-बोध • यात्रा-वृत्तांत से
निशा कहाँ भ्रमण करने गई थी? अजंता की गुफाएं भारत के किस राज्य में स्थित हैं और वे कितनी पुरानी हैं?
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
निशा अपनी मौसी के साथ महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर (औरंगाबाद) के निकट स्थित अजंता और एलोरा की गुफाओं का भ्रमण करने गई थी। अजंता की गुफाएं सह्याद्रि की अर्धचंद्राकार पहाड़ियों को तराशकर बनाई गई हैं और ये लगभग 2,000 वर्ष प्राचीन हैं।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
अजंता-एलोरा की गुफाओं के भ्रमण का उल्लेख 1.5 अंक
महाराष्ट्र राज्य व लगभग 2000 वर्ष प्राचीन होने का उल्लेख 1.5 अंक
Q2 पाठ-बोध • यात्रा-वृत्तांत से
अजंता की गुफाओं की दीवारों और छतों पर किन प्रसंगों के चित्र बनाए गए हैं? इन चित्रों को क्या कहा जाता है?
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
दीवारों पर बने चित्रों को 'भित्तिचित्र' (Murals/Frescoes) कहा जाता है।
अजंता की दीवारों और छतों पर भगवान बुद्ध के जीवन से जुड़ी घटनाओं (राजमहल त्यागना, तपस्या, ज्ञान प्राप्ति व उपदेश) तथा उनके पूर्व जन्मों की 'जातक कथाओं' के सजीव चित्र उकेरे गए हैं। इसके अतिरिक्त प्राकृतिक कमल-पुष्प, गंधर्व, राजा-रानी और पशु-पक्षियों के सुंदर चित्र भी चित्रित हैं।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
'भित्तिचित्र' संज्ञा का उल्लेख 1 अंक
बुद्ध के जीवन व जातक कथाओं के प्रसंगों का वर्णन 2 अंक
Q3 पाठ-बोध • यात्रा-वृत्तांत से
हज़ारों वर्ष बीत जाने के बाद भी अजंता के चित्रों के रंग आज तक धूमिल (फीके) क्यों नहीं पड़े?
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
अजंता के चित्रों के रंग इसलिए आज तक चमकीले और अमिट हैं क्योंकि प्राचीन भारतीय चित्रकारों ने रासायनिक या कृत्रिम रंगों के बजाय प्राकृतिक वनस्पति रसों, खनिज पत्थरों और चूने से बने प्राकृतिक रंगों का उपयोग किया था। ये रंग पत्थर की सतह में गहराई तक समा गए।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
कृत्रिम रंगों के बजाय प्राकृतिक वनस्पति व खनिज रंगों का प्रयोग 1.5 अंक
पत्थर की सतह में गहराई से समा जाने का कारण 0.5 अंक
Q4 भाषा की बात • विराम-चिह्न
नीचे लिखे वाक्यों में उचित विराम-चिह्न (पूर्णविराम, अल्पविराम, प्रश्नवाचक, विस्मयादिबोधक) लगाइए:
(क) अरे तुमने अजंता की गुफाएं देखी हैं
(ख) गुफाओं में बुद्ध धर्म और प्रकृति के चित्र हैं
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
  • (क) अरे! तुमने अजंता की गुफाएं देखी हैं? (विस्मयादिबोधक व प्रश्नवाचक चिह्न)
  • (ख) गुफाओं में बुद्ध, धर्म और प्रकृति के चित्र हैं। (अल्पविराम व पूर्णविराम)
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
(क) में विस्मयादिबोधक व प्रश्नवाचक चिह्न का सही प्रयोग 1 अंक
(ख) में अल्पविराम व पूर्णविराम का सही प्रयोग 1 अंक
Q5 शब्द-ज्ञान • संधि व शब्द-रचना
दिए गए शब्दों का संधि-विच्छेद अथवा अर्थ लिखिए:
(क) कलामंदिर • (ख) वास्तुकला • (ग) भित्तिचित्र
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
  • (क) कलामंदिर: कला + मंदिर (कला का पावन मंदिर या धाम)
  • (ख) वास्तुकला: वास्तु + कला (भवन, गुफा या मंदिर निर्माण की स्थापत्य-कला)
  • (ग) भित्तिचित्र: भित्ति + चित्र ('भित्ति' अर्थात् दीवार पर बनाया गया चित्र)
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
(क) का सही विच्छेद व अर्थ 1 अंक
(ख) का सही विच्छेद व अर्थ 1 अंक
(ग) का सही विच्छेद व अर्थ 1 अंक
Q6 रचनात्मक अभिव्यक्ति • धरोहर संरक्षण अपील
ऐतिहासिक स्मारकों व गुफाओं की सुरक्षा हेतु पर्यटकों के लिए 3 महत्वपूर्ण निर्देश (स्लोगन) लिखिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
ऐतिहासिक स्मारकों की सुरक्षा हेतु निर्देश:
1. 'धरोहर हमारी शान है, इसकी रक्षा हमारा अभिमान है' — प्राचीन दीवारों और मूर्तियों पर कभी भी अपना नाम न खुरचें।
2. 'चित्रों की रक्षा करें' — प्राचीन भित्तिचित्रों पर कैमरा फ्लैश का उपयोग न करें और न ही हाथ लगाएं।
3. 'स्वच्छ स्मारक, सुंदर भारत' — स्मारक परिसर में प्लास्टिक कचरा या पानी की बोतलें न फेंकें, केवल कूड़ेदान का प्रयोग करें।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
दीवारों पर नाम न खुरचने का निर्देश 1 अंक
फ्लैश/स्पर्श न करने का वैज्ञानिक निर्देश 1 अंक
स्वच्छता व कचरा प्रबंधन का निर्देश 1 अंक
Q7 पाठ से • बोध प्रश्न एवं मूल भाव • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 1] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q8 बातचीत के लिए • मौखिक चिंतन एवं अभिव्यक्ति • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 2] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q9 तुम्हारी बात • अनुभव एवं विचार • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 3] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q10 भाषा की बात • विलोम, पर्यायवाची एवं शब्द भंडार • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 4] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q11 व्याकरण विवेक • संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण व क्रिया • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 5] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q12 मुहावरे एवं कहावतें • अर्थ एवं वाक्य प्रयोग • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 6] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q13 रचनात्मक लेखन • अनुच्छेद, पत्र एवं संवाद लेखन • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 7] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q14 अभिनय एवं मंचन • चरित्र विश्लेषण • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 8] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q15 शब्दों की दुनिया • वर्तनी शुद्धि एवं तुकबंदी • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 9] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q16 पाठ से • बोध प्रश्न एवं मूल भाव • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 10] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q17 बातचीत के लिए • मौखिक चिंतन एवं अभिव्यक्ति • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 11] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q18 तुम्हारी बात • अनुभव एवं विचार • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 12] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q19 भाषा की बात • विलोम, पर्यायवाची एवं शब्द भंडार • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 13] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q20 व्याकरण विवेक • संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण व क्रिया • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 14] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q21 मुहावरे एवं कहावतें • अर्थ एवं वाक्य प्रयोग • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 15] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
Q22 रचनात्मक लेखन • अनुच्छेद, पत्र एवं संवाद लेखन • हमारे ये कलामंदिर
[अभ्यास प्रश्न 16] पाठ 'हमारे ये कलामंदिर' के आधार पर इस प्रश्न का विस्तृत उत्तर दीजिए और भाषा-व्याकरण के नियमों को स्पष्ट कीजिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
विस्तृत आदर्श उत्तर एवं व्याख्या:
1. संदर्भ एवं भावार्थ: पाठ हमारे ये कलामंदिर के माध्यम से लेखक/कवि ने जीवन मूल्यों, सामाजिक दायित्वों और भाषाई सौंदर्य को सुंदरता से प्रस्तुत किया है।
2. मूल उत्तर: विद्यार्थी पाठ्यपुस्तक के तथ्यों और पात्रों के व्यवहार का विश्लेषण कर अपने शब्दों में स्पष्ट व संतुलित उत्तर प्रस्तुत करते हैं।
3. व्याकरण एवं भाषा शैली: शुद्ध वर्तनी, सटीक मुहावरों और उपयुक्त विराम चिह्नों के प्रयोग से भाषा अधिक प्रभावशाली और मानक बनती है, जो सीबीएसई मूल्यांकन के पूर्णतः अनुकूल है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पाठ के संदर्भ व कथ्य की सही समझ 1.0 अंक
भाषा की शुद्धता, वर्तनी एवं व्याकरण 1.0 अंक
विचारों की सुसंगत व स्पष्ट अभिव्यक्ति 1.0 अंक
🌟 NEP 2020 Competency-Based Case Study

प्राचीन भारतीय शिल्पकला व धरोहर संरक्षण: NEP 2020 केस स्टडी

कई प्रसिद्ध पुरातात्विक स्मारकों (जैसे- लाल किला, कुतुब मीनार अथवा अजंता) पर घूमने आने वाले कुछ गैर-जिम्मेदार पर्यटक दीवारों पर चाकुओं से नाम कुरेद देते हैं या पान-गुटखा थूककर हज़ारों वर्ष पुरानी अमूल्य कला को विकृत कर देते हैं।

Analytical Task: 'हमारे ये कलामंदिर' पाठ से प्रेरणा लेते हुए बताइए कि ऐतिहासिक स्मारकों का हमारे देश के इतिहास और पहचान के लिए क्या महत्व है? विद्यालयों में धरोहर-संरक्षण (Heritage Conservation) के प्रति जागरूकता जगाने के दो उपाय सुझाइए।
Evaluation & Model Answer:
ऐतिहासिक धरोहर का महत्व एवं जागरूकता उपाय:
  1. ऐतिहासिक स्मारकों का महत्व: स्मारक और कलामंदिर केवल पत्थरों के ढांचे नहीं हैं; वे हमारे पूर्वजों के उच्च कोटि के विज्ञान, इंजीनियरिंग, सौंदर्य-बोध और दार्शनिक चिंतन के जीवित प्रमाण हैं। अजंता-एलोरा जैसी कलाकृतियाँ विश्व पटल पर भारत को एक महान सांस्कृतिक महाशक्ति के रूप में प्रतिष्ठित करती हैं। यदि ये नष्ट हो गईं, तो हम अपनी पहचान की जड़ें खो देंगे।
  2. उपाय 1 (धरोहर गोद योजना / हेरिटेज क्लब): प्रत्येक विद्यालय अपने निकटतम ऐतिहासिक स्मारक या बावड़ी को गोद ले। छात्र वर्ष में दो बार वहाँ सफाई अभियान चलाएं और पर्यटकों को संरक्षण के प्रति जागरूक करें।
  3. उपाय 2 (शैक्षिक भ्रमण व प्रोजेक्ट कार्य): विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान देने के बजाय स्मारकों के शैक्षिक भ्रमण (Heritage Walks) पर ले जाया जाए, जहाँ वे प्राचीन वास्तुकला की बारीकियों को समझकर उसके संरक्षण की शपथ लें।
Rubric: 1.5 अंक सांस्कृतिक व ऐतिहासिक पहचान के विवेचन हेतु + 3.5 अंक दो व्यावहारिक विद्यालयी संरक्षण उपायों के लिए = 5 अंक