Chapter 5 of 13
Chapter 5: आसमान गिरा
लोकप्रसिद्ध बोधकथा: अफ़वाहों का खंडन, प्रत्यक्ष प्रमाण और विवेकपूर्ण नेतृत्व | CBSE Session 2026–27
Core Pedagogical Competencies & Concepts
- कहानी: एक पेड़ के नीचे सो रहे खरगोश के ऊपर बेल/फल का गिरना और उसका डरकर भागना—'आसमान गिर रहा है!'
- अंधानुकरण: बिना सोचे-समझे हिरण, भालू, हाथी और अन्य जानवरों का खरगोश के पीछे भागना।
- बुद्धिमान शेर का हस्तक्षेप: 'आसमान कहाँ गिरा? किसने देखा?' प्रश्न पूछकर सभी को शांत करना।
- सत्य की खोज: पेड़ के नीचे गिरे पके बेल को देखकर सभी का शर्मिंदा होना।
- नैतिक शिक्षा: सुनी-सुनाई बातों और अफ़वाहों पर कभी भरोसा न करें; पहले स्वयं सत्य की पड़ताल करें।
All Textbook Exercises & In-Text Tasks (13 Questions)
100% Complete Ingestion
Q1
पाठ बोध • कहानी की घटनाएँ
खरगोश को क्यों लगा कि आसमान गिर रहा है? उसने डरकर क्या किया?
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
खरगोश एक बड़े बेल के पेड़ के नीचे गहरी नींद में सो रहा था। अचानक पेड़ से एक भारी पका बेल का फल 'धम्म' की तेज़ आवाज़ के साथ खरगोश की पीठ के पास ज़मीन पर गिरा।
नींद से चौंके खरगोश ने पीछे मुड़कर देखने का भी धैर्य नहीं रखा और घबराकर सोचने लगा कि आसमान का टुकड़ा टूटकर गिर गया है। वह बदहवास होकर चिल्लाते हुए भागने लगा— 'भागो! भागो! आसमान गिर रहा है!'
नींद से चौंके खरगोश ने पीछे मुड़कर देखने का भी धैर्य नहीं रखा और घबराकर सोचने लगा कि आसमान का टुकड़ा टूटकर गिर गया है। वह बदहवास होकर चिल्लाते हुए भागने लगा— 'भागो! भागो! आसमान गिर रहा है!'
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
पेड़ से पका बेल गिरने और तेज़ आवाज़ का वर्णन
1.5 M
बिना देखे डरकर 'आसमान गिरा' चिल्लाते हुए भागने का उल्लेख
1.5 M
Q2
पाठ बोध • चरित्र एवं विवेक
शेर ने भागते हुए जानवरों को कैसे रोका और सच कैसे सामने लाया?
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
जंगल के राजा शेर ने जब सभी जानवरों को पागलों की तरह भागते देखा, तो उसने अपनी भारी दहाड़ से सबको रोका और पूछा— 'तुम सब क्यों भाग रहे हो?' जब जानवरों ने कहा कि आसमान गिर रहा है, तो शेर ने पूछा— 'आसमान गिरते किसने देखा?'
सबने खरगोश की ओर इशारा किया। शेर खरगोश को साथ लेकर उसी पेड़ के नीचे गया। वहाँ ज़मीन पर एक टूटा हुआ बेल का फल पड़ा था। शेर ने हँसकर सबको दिखाया कि आसमान नहीं, बल्कि केवल एक बेल गिरा था।
सबने खरगोश की ओर इशारा किया। शेर खरगोश को साथ लेकर उसी पेड़ के नीचे गया। वहाँ ज़मीन पर एक टूटा हुआ बेल का फल पड़ा था। शेर ने हँसकर सबको दिखाया कि आसमान नहीं, बल्कि केवल एक बेल गिरा था।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
शेर द्वारा सबको रोककर प्रत्यक्षदर्शी के बारे में पूछना
1.5 M
पेड़ के नीचे जाकर बेल का फल दिखाकर सत्य उजागर करना
1.5 M
Q3
सोचिए और लिखिए • नैतिक संदेश
इस कहानी से हमें अपने दैनिक जीवन के लिए क्या महत्वपूर्ण सीख मिलती है?
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
इस कहानी से हमें सीख मिलती है कि हमें कभी भी सुनी-सुनाई बातों या अफ़वाहों पर आँख मूँदकर विश्वास नहीं करना चाहिए। किसी भी बात पर घबराने या प्रतिक्रिया देने से पहले अपने विवेक और बुद्धि का प्रयोग करके सत्य की पड़ताल स्वयं करनी चाहिए। अंधी नकल हमेशा शर्मिंदगी और नुकसान का कारण बनती है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
अफ़वाहों पर अंधविश्वास न करने की सीख
1.5 M
विवेक, धैर्य और प्रत्यक्ष प्रमाण की महत्ता
1.5 M
Q4
कविता / पाठ से • मुख्य भाव
पाठ 5 ('आसमान गिरा') में लेखक/कवि ने कौन-सी प्रमुख सीख या जीवन मूल्य प्रस्तुत किया है?
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
उत्तर:
इस पाठ के माध्यम से हमें सत्य, परिश्रम, धैर्य और समाज में परस्पर सहयोग से जीने की प्रेरणा मिलती है। किसी भी कठिन परिस्थिति में सूझबूझ और आत्मविश्वास से काम करने पर सफलता अवश्य मिलती है।
इस पाठ के माध्यम से हमें सत्य, परिश्रम, धैर्य और समाज में परस्पर सहयोग से जीने की प्रेरणा मिलती है। किसी भी कठिन परिस्थिति में सूझबूझ और आत्मविश्वास से काम करने पर सफलता अवश्य मिलती है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
मुख्य सीख व जीवन मूल्य
1 अंक
सूझबूझ व आत्मविश्वास का उल्लेख
1 अंक
Q5
बातचीत के लिए • मौखिक चिंतन
'आसमान गिरा' में दिए गए प्रसंग पर अपने विचार व्यक्त कीजिए: यदि आप कहानी के मुख्य पात्र की जगह होते, तो उस परिस्थिति का सामना कैसे करते?
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
उत्तर:
यदि मैं मुख्य पात्र की जगह होता, तो मैं बिना घबराए समस्या के मूल कारण को समझता और अपने बड़ों तथा मित्रों से सलाह लेकर शांतिपूर्वक उचित निर्णय लेता।
यदि मैं मुख्य पात्र की जगह होता, तो मैं बिना घबराए समस्या के मूल कारण को समझता और अपने बड़ों तथा मित्रों से सलाह लेकर शांतिपूर्वक उचित निर्णय लेता।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
उचित और विचारपूर्ण व्यक्तिगत प्रतिक्रिया
2 अंक
Q6
भाषा की बात • विलोम शब्द
निम्नलिखित शब्दों के विलोम शब्द लिखिए:
(क) आदर
(ख) प्रकाश
(ग) न्याय
(घ) कोमल।
[2 Marks]
(क) आदर
(ख) प्रकाश
(ग) न्याय
(घ) कोमल।
✅ Step-by-Step Solution & Working
विलोम शब्द:
• (क) आदर — अनादर / निरादर
• (ख) प्रकाश — अंधकार
• (ग) न्याय — अन्याय
• (घ) कोमल — कठोर।
• (क) आदर — अनादर / निरादर
• (ख) प्रकाश — अंधकार
• (ग) न्याय — अन्याय
• (घ) कोमल — कठोर।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
अनादर, अंधकार, अन्याय, कठोर
2 अंक
Q7
भाषा की बात • पर्यायवाची शब्द
दिए गए शब्दों के दो-दो समानार्थी (पर्यायवाची) शब्द लिखिए:
(क) सूर्य
(ख) आँख
(ग) जंगल।
[3 Marks]
(क) सूर्य
(ख) आँख
(ग) जंगल।
✅ Step-by-Step Solution & Working
पर्यायवाची शब्द:
• (क) सूर्य — रवि, दिनकर
• (ख) आँख — नेत्र, नयन
• (ग) जंगल — वन, कानन।
• (क) सूर्य — रवि, दिनकर
• (ख) आँख — नेत्र, नयन
• (ग) जंगल — वन, कानन।
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रवि/दिनकर
1 अंक
नेत्र/नयन
1 अंक
वन/कानन
1 अंक
Q8
भाषा की बात • मुहावरे और अर्थ
मुहावरों का अर्थ लिखकर वाक्य बनाइए:
(क) फूला न समाना
(ख) आँखें खुलना।
[3 Marks]
(क) फूला न समाना
(ख) आँखें खुलना।
✅ Step-by-Step Solution & Working
मुहावरे और वाक्य:
• (क) फूला न समाना: अत्यधिक प्रसन्न होना।
वाक्य: परीक्षा में प्रथम आने का समाचार सुनकर रोहन फूला न समाया।
• (ख) आँखें खुलना: सच्चाई का ज्ञान होना / होश में आना।
वाक्य: ठोकर खाने के बाद आखिरकार अमित की आँखें खुल गईं।
• (क) फूला न समाना: अत्यधिक प्रसन्न होना।
वाक्य: परीक्षा में प्रथम आने का समाचार सुनकर रोहन फूला न समाया।
• (ख) आँखें खुलना: सच्चाई का ज्ञान होना / होश में आना।
वाक्य: ठोकर खाने के बाद आखिरकार अमित की आँखें खुल गईं।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
दोनों मुहावरों के सही अर्थ
1.5 अंक
सार्थक वाक्य प्रयोग
1.5 अंक
Q9
सोचो और लिखो • रचनात्मक अभिव्यक्ति
'आसमान गिरा' के आधार पर तीन पंक्तियों में वर्णन कीजिए कि हमें प्रकृति और पर्यावरण का सम्मान क्यों करना चाहिए।
[3 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
रचनात्मक उत्तर:
प्रकृति हमारी माता के समान है जो हमें जीने के लिए शुद्ध हवा, जल और भोजन प्रदान करती है। पेड़ों और नदियों के बिना हमारा जीवन असंभव है। इसलिए हमारा कर्तव्य है कि हम पेड़ों को न काटें और जल को व्यर्थ न बहाएँ।
प्रकृति हमारी माता के समान है जो हमें जीने के लिए शुद्ध हवा, जल और भोजन प्रदान करती है। पेड़ों और नदियों के बिना हमारा जीवन असंभव है। इसलिए हमारा कर्तव्य है कि हम पेड़ों को न काटें और जल को व्यर्थ न बहाएँ।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
तीन स्पष्ट और सार्थक पंक्तियाँ
3 अंक
Q10
व्याकरण • सर्वनाम शब्द छाँटना
दिए गए वाक्य में से सर्वनाम शब्द छाँटिए: 'उसने अपनी पुस्तक मेज पर रख दी और वह खेलने चला गया।'
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
सर्वनाम शब्द:
1. उसने
2. अपनी
3. वह।
1. उसने
2. अपनी
3. वह।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
उसने, अपनी, वह सही पहचाना
2 अंक
Q11
खोजें और जानें • परिवेशी ज्ञान
अपने क्षेत्र के किसी प्रसिद्ध लोक-त्योहार या मेले के बारे में पता लगाइए और दो मुख्य बातें लिखिए।
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
लोक-त्योहार की जानकारी:
1. हमारे क्षेत्र में दीपावली और मकर संक्रांति का पर्व बड़े उल्लास से मनाया जाता है।
2. इस अवसर पर लोग मिट्टी के दीपक जलाते हैं, तिल-गुड़ के लड्डू बाँटते हैं और पतंग उड़ाते हैं।
1. हमारे क्षेत्र में दीपावली और मकर संक्रांति का पर्व बड़े उल्लास से मनाया जाता है।
2. इस अवसर पर लोग मिट्टी के दीपक जलाते हैं, तिल-गुड़ के लड्डू बाँटते हैं और पतंग उड़ाते हैं।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
त्योहार का नाम व दो विशेषताएं
2 अंक
Q12
सही या गलत • समझ की परीक्षा
बताइए सही या गलत:
(क) सच बोलने वाले व्यक्ति का समाज में हमेशा सम्मान होता है।
(ख) कठिन परिश्रम का फल हमेशा मीठा होता है।
(ग) हमें केवल अपने स्वार्थ के बारे में सोचना चाहिए।
[3 Marks]
(क) सच बोलने वाले व्यक्ति का समाज में हमेशा सम्मान होता है।
(ख) कठिन परिश्रम का फल हमेशा मीठा होता है।
(ग) हमें केवल अपने स्वार्थ के बारे में सोचना चाहिए।
✅ Step-by-Step Solution & Working
उत्तर:
• (क) सही
• (ख) सही
• (ग) गलत: हमें समाज की भलाई और परोपकार की भावना रखनी चाहिए।
• (क) सही
• (ख) सही
• (ग) गलत: हमें समाज की भलाई और परोपकार की भावना रखनी चाहिए।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
सही, सही, गलत स्पष्टीकरण सहित
3 अंक
Q13
जीवन मूल्य • सीख
'आसमान गिरा' पढ़कर हमें अपने दैनिक व्यवहार में क्या सुधार लाने की प्रेरणा मिलती है?
[2 Marks]
✅ Step-by-Step Solution & Working
सीख:
यह पाठ हमें दूसरों के प्रति विनम्र रहने, बड़ों की बात ध्यान से सुनने और कभी भी किसी का उपहास न उड़ाने की सीख देता है।
यह पाठ हमें दूसरों के प्रति विनम्र रहने, बड़ों की बात ध्यान से सुनने और कभी भी किसी का उपहास न उड़ाने की सीख देता है।
CBSE Step-by-Step Marking Scheme
नैतिक सीख का स्पष्ट उल्लेख
2 अंक
🌟 NEP 2020 Competency-Based Case Study
सोशल मीडिया पर भ्रामक संदेश और अफ़वाहें
व्हाट्सएप पर एक फर्जी संदेश फैला कि शहर के सभी स्कूल अगले एक महीने के लिए भूकंप के डर से बंद रहेंगे। कई माता-पिता बिना आधिकारिक सूचना जाँचे घबराकर स्कूल के फोन नंबर पर लगातार कॉल करने लगे।
Analytical Task: यह घटना 'आसमान गिरा' कहानी के किस प्रसंग से मिलती-जुलती है? एक जागरूक नागरिक को ऐसे संदेश मिलने पर क्या करना चाहिए?
Evaluation & Model Answer:
कहानी से समानता: यह घटना सीधे तौर पर खरगोश की फैलाई अफ़वाह जैसी है, जहाँ अन्य जानवर बिना सच जाने अंधी भगदड़ में शामिल हो गए थे। यहाँ भी माता-पिता बिना आधिकारिक पुष्टि के घबराने लगे।
जागरूक नागरिक का कर्तव्य:
1. संदेश को आगे न बढ़ाना: किसी भी अपुष्ट संदेश को फॉरवर्ड करने से तुरंत रुकें।
2. आधिकारिक स्रोतों से सत्यापन: स्कूल की आधिकारिक वेबसाइट, डायरी या शिक्षा विभाग के पोर्टल से सत्य की जाँच करें (जैसे शेर ने पेड़ के नीचे जाकर स्वयं देखा था)।
जागरूक नागरिक का कर्तव्य:
1. संदेश को आगे न बढ़ाना: किसी भी अपुष्ट संदेश को फॉरवर्ड करने से तुरंत रुकें।
2. आधिकारिक स्रोतों से सत्यापन: स्कूल की आधिकारिक वेबसाइट, डायरी या शिक्षा विभाग के पोर्टल से सत्य की जाँच करें (जैसे शेर ने पेड़ के नीचे जाकर स्वयं देखा था)।
Rubric: 1 अंक अफ़वाह की समानता बताने पर; 1 अंक तथ्य सत्यापन और फॉरवर्ड रोकने के उपाय पर।